B.Com 2nd Year Accounting For Labour Long Notes

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खण्ड ‘ब’ : 

विस्तृत उत्तरीय प्रश्न

प्रश्न 1 – एक अच्छी मजदूरी प्रणाली के आवश्यक लक्षण क्या हैं?

What are the essential features of a good wage payment system? 

अथवा आदर्श मजदूरी भुगतान पद्धति की विशेषताएँ लिखिए।

Writes the characteristics of an ideal wage payment system. 

अथवा पारिश्रमिक भुगतान प्रणाली को अपनाने से पूर्व किन बातों का ध्यान रखना चाहिए?

Explain the factors to be considered before adopting a system of wage payment.

उत्तर – अच्छी मजदूरी प्रणाली के आवश्यक लक्षण/विशेषताएँ 

(Essential Features/Characteristics of a good Wage Payment System) 

किसी भी निर्माणी उद्योग में पारिश्रमिक भुगतान की किसी विशिष्ट प्रणाली को अपनाते समय निम्न तथ्यों को ध्यान में रखना चाहिए –

1. तत्काल भुगतान सुविधा (Prompt Payment Facility)-सबसे अच्छी पारिश्रमिक पद्धति वह है जिसमें श्रमिकों को समय से (on due date) भुगतान किया जाता है। जिन पद्धतियों के अन्तर्गत प्रब्याजि व अधिलाभांश बहुत समय बाद दिए जाते हैं, वहाँ श्रमिक अधिक काम करने का उत्साह खो बैठते हैं।

2. लोचदार (Flexibility)-मजदूरी पद्धति में पर्याप्त लोचता होनी चाहिए, जिससे परिस्थिति एवं आवश्यकता के अनुसार उसमें आवश्यक समायोजन किए जा सकें एवं मजदूरों की कार्य में रुचि बनी रहें।

3. वास्तविक मजदूरी (Real Wages)-मजदूरी मौद्रिक दृष्टि से ही प्रेरणात्मक न हो वरन् वास्तविक रूप में भी प्रेरणात्मक हो। अतः महँगाई इत्यादि के समय महँगाई भत्ते इत्यादि द्वारा यह प्रयास रहना चाहिए कि वास्तविक मजदूरी में किसी प्रकार से कमी ना आए।

4. भुगतान करने की योग्यता (Ability to Pay)-मजदूरी पद्धति संगठन की मजदूरी भुगतान करने की योग्यता या क्षमता के अनुकूल होनी चाहिए तथा सम्बन्धित क्षेत्र या उद्योग में विद्यमान मजदूरी दरों को भी ध्यान में रखना चाहिए।

5. उत्पादन तकनीकी सुधारने में सहायक (Helpful in improving Production Technique)-कभी-कभी उत्पादन बढ़ाने की इच्छा व अधिक पारिश्रमिक कमाने की लालसा से उत्पादित वस्तुओं की गुणवत्ता में कमी आ जाती है। अत: पद्धति ऐसी होनी चाहिए जो उत्पादन की किस्म को किसी भी हालत में न गिरने दे, बल्कि उसे सुधारने में मदद करे।

6. मितव्ययिता (Economy)-पद्धति ऐसी होनी चाहिए कि (i) प्रति इकाई श्रम व्यय कम किया जा सके, (ii) सामग्री और यन्त्रों का सदुपयोग किया जा सके तथा (iii) उस पद्धति को कार्यान्वित करने में अधिक व्यय न हो।

7.मजदूरी का निश्चित आधार (Definite Wage Base)-एक अच्छी प्रणाली के अन्तर्गत मजदूरी भुगतान करने का जो आधार अपनाया जाए, वह ऐसा ठोस उचित और निश्चित होना चाहिए कि स्थायी रह सके। यदि एक बार कार्य-भाग दरें अथवा प्रब्याजि दरें निर्धारित कर दी गयी हैं तो उनमें भविष्य में तब तक कटौती नहीं की जानी चाहिए जब तक कि उत्पादन की विधि में ही परिवर्तन न आ जाए।8. दोनों पक्षों को स्वीकार्य (Acceptable to both Parties)-प्रणाली ऐसी होनास चाहिए जो श्रमिकों व सेवायोजकों, दोनों को स्वीकार्य हो। इस उद्देश्य को प्राप्त करने के लिए, स प्रणाली श्रमिकों के सहयोग से अपनायी जानी चाहिए।

9. गणना करने में आसानी (Easy to Calculate)-श्रमिकों द्वारा अपने पारिश्रमिक का हिसाब सुगमता से निकाला जा सके तथा सेवायोजकों को हिसाब रखने में भी | सुविधा हो।

10. न्यूनतम मजदूरी का विश्वास (Minimum Wage Guaranteed)-श्रमिकों के जीवन-स्तर को बनाए रखने के लिए उन्हें न्यूनतम मजदूरी देना आवश्यक है। अत: पद्धति में । इस बात को भी ध्यान में रखा जाना चाहिए।

11. कार्य-कुशलता पर आधारित (Efficiency Oriented)-जहाँ श्रमिकों को एकसमान पारिश्रमिक मिलता है और उनकी व्यक्तिगत कार्य-कुशलता को ध्यान में नहीं रखा जाता है, वहाँ कुशल श्रमिक निराश हो जाते हैं तथा अकुशल श्रमिकों को अधिक कार्य करने की प्रेरणा नहीं मिलती। प्रणाली ऐसी होनी चाहिए जो व्यक्तिगत कार्य-कुशलता के अनुसार वेतन दिलाने में सहायक हो।

12. प्रेरणात्मक पद्धति (Incentive Oriented method)-श्रमिकों को यह विश्वास हो सके कि जितना अधिक वे काम करेंगे उतना ही अधिक उनको पारिश्रमिक मिलेगा। अत: पद्धति द्वारा श्रमिकों को अधिक काम करने की प्रेरणा मिलनी चाहिए।

प्रश्न 2 – निम्न आँकड़ों से एक श्रमिक को देय सामान्य व अधिसमय का पारिश्रमिक ज्ञात कीजिए।

Calculate the normal and overtime wages payble to a workman from the following data : 

 दिन (Days) घण्टे कार्य किया (Hours Worked) 

सोमवार (Monday) 8 Hours 

मंगलवार (Tuesday) 10 Hours 

बुद्धवार (Wednesday) 9 Hours 

बृहस्पतिवार (Thursday) 11 Hours 

शुक्रवार (Friday) 9 Hours 

शनिवार (Saturday) 4 Hours 

Normal working hours : 8 hours per day except Saturday which is a half day,

Normal rate : Re.0.50 per unit.

Overtime rate : Upto 9 hours in a day at single rate and over 9 hours in a day at double rate.

Or 

Upto 48 hours in a week at single rate and over 48 hours at double rate, whichever is more beneficial to the workman. 

सामान्य कार्य घण्टे प्रतिदिन 8 घण्टे ( शनिवार को आधे दिन काम होता है) 

सामान्य दर रू.0.50 प्रति घण्टा

प्रश्न 3 – एक कार्य को पूरा करने का प्रमाप समय 20 घण्टे निर्धारित किया गया है। मजदूरी की निर्धारित दर रू. 2 प्रति घण्टा है। वह काम एक श्रमिक द्वारा 16 घण्टम पूर्ण कर लिया गया। रोवन योजना के अन्तर्गत उस श्रमिक का कल पारिश्रमिक का प्रार घण्टा प्रभावपूर्ण दर ज्ञात कीजिए। (बोनस 50%)

The standard time fixed for the completion of a job is 20 h The agreed rate of wages रू. 2 per hour. The job was actually comy in 16 hours by a worker. Calculate the total earnings and the ene rate of earnings per hours of worker, under Rowan Plan (Bonus 50%)

प्रश्न 4 – एक कम्पनी में मानक उत्पादन प्रति दिन 50 इकाइयाँ हैं और मानक कार्य को पूरा करने वाले अथवा मानक कार्य से अधिक कार्य करने वाले श्रमिकों की पारिश्रमिक दर रू. 2 प्रति इकाई है। जो श्रमिक मानक उपलब्धि प्राप्त नहीं कर पाते हैं उनके लिए मजदूरी रू. 1. 50 रुपये प्रति इकाई है। फैक्ट्री में 5 श्रमिक हैं और उनका उत्पादन निम्न है

The Standsard work in a company has been fixed 50 units per day and the rate of wates is 2. per unit for the workers who attain or cross the standard and रू. 1.50 per unit who fails to achieve the standard performance. There are five workers in a department of the company and their performance is as follows: 

Amit 50 units 

Sumit 40 units 

Vikas 60 units 

Prakash 75 units 

Dinesh 80 units 

टेलर पद्धति के अन्तर्गत प्रत्येक कर्मचारी का पारिश्रमिक ज्ञात कीजिए।

Calculate total earnings of each worker under Taylor Differential Piece Rate Scheme

प्रश्न 5 – एक श्रमिक का दैनिक दर से 48 घण्टों के सप्ताह का रू. 12 पारिश्रमिक है एवं प्रति कार्य किए घण्टे का 10 पैसे जीवन-निर्वाह बोनस है। उसे 8 घण्टे का कार्य करने के लिए दिया गया है जिसे वह 6 घण्टे में पूरा कर लेता है। उसे 30% प्रब्याजि बचाए हुए समय का मिलता है। हाल्से प्रब्याजि योजना एवं रोवन प्रब्याजि योजना के आधार पर उसके पारिश्रमिक की गणना कीजिए एवं प्रति घण्टा दर निकालिए।

A worker has a day rate of 12 per week of 48 hours and cost of living bonus of 10 paise per hour worked. He has been given an 8 hours work to perform which he completes in 6 hours. He is allowed as premium bonus @ 30% of the time saved. Calculate his remuneration under Halsey Premium Plan and Rowan Premium Plan and hourly rate of earning.

हल (Solution) :

(द) मकान किराया भत्ता रू. 20 प्रति मास।

(य) कार्यानुसार मजदूरी 15 पैसे प्रति इकाई।

(र) अतिरिक्त उत्पादन बोनस मानस उत्पादन के 75% से अधिक प्रत्येक % के लिए रू. 51 रू.

From the following data calculate total monthly remuneration of three workers A, B, and C:

(a) Standard production per month is 1,000 units. 

(b) Actual production during the month :

A = 800 units, B = 700 units, C = 900 units. 

(c) Dearness allowance रू. 40 per month (fixed). 

(d) House rent allowance रू. 20 per month. 

(e) Piece work rate per unit of actual production 15 paise.

(f) Additional production bonus @ रू. 5 for each percentage of actual production exceeding 75% of Standard. हल  (Solution) :

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